बेरहम मां ने अपने ही 4 महीने के बच्चे को फावड़े से काट डाला, दिल दहला देने वाली घटना के पीछे वजह , जाने

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गोसाईगंज(सुलतानपुर): कुपुत्रो जायते…क्वचिदपि कुमाता न भवति। पुत्र कुपुत्र भले हो जाए, माता कुमाता नहीं हो सकती। इसको अकाट्य मानने वालों के लिए यह खबर बड़े धक्के के समान है। चार माह का मासूम कैसे कुपुत्र हो सकता है। मां कितनी बेरहम बनी होगी जब उसने अपने ही लाल को फावड़े से काट डाला। हां, पुलिसिया जुबानी के अनुसार तो यही हुआ है। इसके पीछे अंधविश्वास की गहरी खाईं थी। बेटे की मौत के बाद मां बदहवास है। घटना के बाद वह उसी पीपल के पेड़ के नीचे बेसुध बैठी रही जहां मासूम को मारने की बात कही जा रही है। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया है।

धनऊडीह गांव में रविवार की सुबह दिल दहला देने वाला घटना हुई। एक मां ने अपने चार माह के बच्चे प्रीतम को फावड़े से काट डाला, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने आरोपित मां को गिरफ्तार कर लिया है। घटना का कारण अंधविश्वास बताया जा रहा है। इसकी जानकारी जब लोगों को हुई तो इलाके में हड़कंप मच गया। मां ने घर के बगल पीपल के पेड़ के चबूतरे पर हृदय विदारक घटना कर डाली। चर्चा है कि तांत्रिक के चक्कर में आकर उसने ऐसा कृत्य किया है।

थानाध्यक्ष राघवेंद्र रावत ने बताया कि आरोपित मंजू को गिरफ्तार कर लिया गया है। गांव निवासी शिवकुमार कानपुर में रहकर दिहाड़ी मजदूरी करता है। दीपावली के बाद से वह घरवालों से दूर है। गांव में घर पर पत्नी मंजू उर्फ राधा बच्चों के साथ रहती है। पुलिस अधीक्षक सोमेन बर्मा ने बताया कि पूछताछ में अंधविश्वास से संबंधित प्रकरण का पता चल रहा है। पुलिस विधिक कार्रवाई कर रही है।

स्रोत इंटरनेट मीडिया

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